उज्जैन भारत भारती ( राष्ट्रीय एकात्मकता को समर्पित ) संस्था के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष श्री विनय पत्राले ने पत्रकारों जानकारी देते हुए बताया

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जब राष्ट्र अपनी चेतना के मूल स्रोतों की ओर लौटकर देखता है, तब “वंदे मातरम्” की गूंज, आनंद मठ की साधना और लौहपुरुष सरदार वल्लभ भाई पटेल का राष्ट्रनिर्माणकारी संकल्प एक ही भावभूमि पर आकर खड़े हो जाते हैं। मातृभूमि के प्रति समर्पण, त्याग और एकता की यह त्रिवेणी हमारे राष्ट्रीय जीवन की अमूल्य धरोहर है वंदे मातरम् के एक सौ पचास वर्ष पूर्ण होने के पावन लक्ष्य को दृष्टिगत रखते हुए तथा सरदार वल्लभभाई पटेल के सार्घशताब्दी वर्ष में उनके अखंड भारत के स्वप्न को स्मरण करते हुए सम्राट विक्रमादित्य विश्वविद्यालय, उज्जैन एवं भारत भारती, उज्जैन के संयुक्त तत्वावधान में एक गरिमामय स्मृति एवं विचार-कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। आपसे सादर अनुरोध है कि राष्ट्रबोध से जुड़े इस आयोजन में पधारकर हमें अनुगृहीत करें एवं कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाएँ।
मुख्य अतिथि : श्री विनय पत्राले, राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष, भारत – भारती
अध्यक्षता : डॉ. अर्पण भारद्वाज, कुलगुरू, सम्राट विक्रमादित्य वि.वि. उज्जैन
सारस्वत अतिथि : श्री दत्ताभाई सालुके, राष्ट्रीय संयोजक, भारत भारती
विशिष्ट अतिथि
श्री दिवाकर नातु, शिक्षाविद एवं पूर्व अध्यक्ष, सिंहस्थ प्राधिकरण, उज्जैन दिनांक : 27 जनवरी 2026, मंगलवार
समय : दोप. 03:00 बजे
स्थान : शलाका दीर्घा, सम्राट विक्रमादित्य विश्वविद्यालय, उज्जैन
निवेदक :सम्राट विक्रमादित्य विश्वविद्यालय, उज्जैन एवं भारत-भारती, उज्जैन

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